मेरे प्रिय मित्रों आज का हमारा विषय है बच्चों से सम्बंधित प्रश्न.
प्रश्न 1 : क्या बच्चों को बद्तमीज होना चाहिए ?
उत्तर : नहीं ?. आप के साथ कोई बच्चा बदतमीजी करे तो आप को कैसा लगेगा ?.
प्रश्न 2 : क्या बच्चों को सेक्स की शिक्षा देनी चाहिए ?
उत्तर : यह बच्चे और अध्यापक की मानसिकता पर निर्भर करता है .
प्रश्न 3 : क्या बच्चों से परीक्षा के समय घर का काम कराना चाहिए ?
उत्तर : बच्चों को घर काम उनकी समझ के अनुसार शुरू से ही देना चाहिए . और केवल परीक्षा के समय ज्यादा पढ़ने से फायदा नहीं होता है . हर काम का एक समय होता है . किसी एक काम के लिए किसी दूसरे काम को दाव पर नहीं लगाना चाहिए .
प्रश्न 4 : बच्चे उच्च शिक्षा और बड़े वेतन के लिए अपने माता पिता और देश को छोड़ देते है . क्या यह सही है ?
उत्तर : इसमें माता पिता और बच्चे दोनों की बराबर भूमिका होती है . माता पिता अपने बच्चे से सच्चा प्रेम करते करते उसके मोह में फस जाते है . और फिर बाद में अकेलेपन का शिकार हो जाते है .
प्रश्न 5 : बच्चे जिद्द करे तो क्या करे ?
उत्तर : बच्चों की जिद्द करने की आदत एक दिन में विकसित नहीं हुयी है . और माता पिता के संस्कार तथा संसार में जो उनको दिखाई देता है यह सब बच्चों के मन को प्रभावित करता है . इसलिए माता पिता पहले खुद स्वरुप दर्शन का अभ्यास शुरू करे . इस अभ्यास का प्रभाव बच्चों के मन पर सकारात्मक पड़ने लगता है .
प्रश्न 6 : बच्चों पर शिक्षा का दबाव कम कैसे करे ?
उत्तर : बच्चों को वास्तविक शिक्षा देकर . बच्चों में प्रतिस्पर्धा का पैमाना सेवा भाव का होना चाहिए ना की अत्यधिक भौतिक इच्छाओं की पूर्ति का . जैसे आप का बच्चा मेरिट में नहीं आता है पर मेरिट में आने वाले बच्चे का सम्मान करता है .
प्रश्न 7 : बच्चे को मोबाइल की लत से कैसे बचाये ?
उत्तर : इसके लिए आप को बच्चे के साथ पूरी जागरूकता के साथ मोबाइल देखना चाहिए . और जब आप खुद बच्चे के साथ जागरूक होकर मोबाइल देखेंगे तो आप को और बच्चे को अपने आप यह ज्ञान भगवान से प्राप्त होने लगेगा की मोबाइल का सदुपयोग कैसे करना है .
प्रश्न 8 : बच्चे घर का खाना खाने में बहुत परेशान करते है . इसका उपाय क्या है ?
उत्तर : कभी कभी बच्चों को आप खुद साथ लेकर ऐसे चिकित्सालयों तथा फुटपाथ पर रह रहे बच्चों को दिखाना चाहिए जो अपने गलत खानपान के कारण घंभीर बीमारियों से झूझ रहे है . और कभी कभी उनको बाहर का खाना खाने की भी इजाजत सच्चे प्रेम से देनी चाहिए . और फिर उन बच्चों से भी मिलवाना चाहिए जो संतुलित भोजन करते है .
प्रश्न 9 : शिक्षा और अच्छा पैसा कमाने के चक्कर में बच्चे समय पर शादी नहीं कर रहे है . उपाय बताय ?.
उत्तर : पहले माता पिता को अपने बच्चे से अनावश्यक अपेक्षाएं छोड़नी चाहिए . माता पिता को बाहर की अंधीदौड़ से अपना ध्यान हटाकर अपने बच्चे को प्रेम से सींचने का अभ्यास करना चाहिए . सच्चे प्रेम से तो भगवान ही वश में हो जाते है फिर बच्चा क्या चीज है .
प्रश्न 10 : आज का युवा नशे की तरफ तेजी से बढ़ रहा है . उपाय बताये ?
उत्तर : स्वरुप दर्शन का अभ्यास करके अपने घर का माहौल भक्तिमय रखेंगे तो फिर आप के बच्चों को भगवान का नशा चढ़ने लगेगा . अभ्यास आप करेंगे तो आप का नशा उनको चढ़ने लगेगा जो उनको गलत नशे से अपने आप बाहर निकाल देगा .
प्रश्न 11 : बच्चों को अश्लील सामग्री और गन्दी आदतों से कैसे बचाये ?
उत्तर : बच्चों का खान पान ठीक करके , उनमे योग व्यायाम की आदत विकसित करके , प्रभु के भजन करके , बच्चों को जमीन से जोड़कर , उनकी मित्रता संस्कारित मित्रों से कराके, उनके साथ सेवा भाव के कार्य करके , अश्लील सामग्री और गन्दी आदतों के भयंकर नुक्सान से परिचय कराके अपने बच्चों को बचाये .
प्रश्न 12 : बहुत ज्यादा गरीबी में भी बच्चों को अच्छी शिक्षा कैसे दिलाये ?
उत्तर : स्वरुप दर्शन के अभ्यास से आप से अपने आप ऐसी संस्थाए संपर्क करने लगेगी जो आप के बच्चे की शिक्षा का सम्पूर्ण खर्चा वहन करती है .
प्रश्न 13 : बच्चे को क्या विषय दिलाये कुछ समझ नहीं आ रहा है ?
उत्तर : आप बच्चे के साथ बैठकर उसके मन की पूरी बात सुनकर उसको खुद को यह निर्णय लेने की स्वतंत्रता देनी चाहिए . और फिर आप को खुद को यह समझना चाहिए की जब तक बच्चा वह अमुक विषय लेकर व्यवहार में उतारेगा नहीं तब तक यह कैसे पता चलेगा की आप के बच्चे को किस विषय में सफलता मिलेगी . अर्थात जब तक बच्चा किसी भी विषय को पढ़कर नहीं देखेगा तो कैसे उसको अनुभव होगा . इसलिए अपने बच्चे का होंसला हमेशा बढाते रहे . किसी से तुलना न करे .
प्रश्न 14 : बच्चे को पढ़ा लिखा याद नहीं रहता है . क्या करे ?.
उत्तर : बच्चे को जबरदस्ती क्यों पढ़ा रहे हो . उसका मन होगा तभी तो वह पड़ेगा . इसलिए पहले आप को बच्चे के मन को समझना चाहिए . आप को खुद को स्वरुप दर्शन का अभ्यास करके यह ज्ञान मिलने लगेगा की आप के बच्चे में ऐसे कोनसे गुण विध्यमान है जिनको वह सींचकर एक विशाल वृक्ष के रूप में बदलने में सक्षम है .
प्रश्न 15 : मेरा बच्चा मेरा कहना नहीं मानता है ?
उत्तर : आप बच्चे को क्या कह रहे है पहले इसे आप खुद जागरूक होकर समझे . क्यों की बच्चा आप की बात तभी नहीं मानता है जब आप का सही प्रभाव बच्चे के ऊपर नहीं पड़ता है . या तो आप के कहने का तरीका ठीक नहीं है . या फिर आप बच्चे से साफ़ साफ़ बात नहीं कर पा रहे है . अर्थात यह आप के मन की समस्या होती है . इसलिए आप निरंतर स्वरुप दर्शन क्रिया का अभ्यास करे .
धन्यवाद जी . मंगल हो जी .

